आपका शहर Close

चंडीगढ़+

जम्मू

दिल्ली-एनसीआर +

देहरादून

लखनऊ

शिमला

उत्तर प्रदेश +

उत्तराखंड +

जम्मू और कश्मीर +

दिल्ली +

पंजाब +

हरियाणा +

हिमाचल प्रदेश +

छत्तीसगढ़

झारखण्ड

बिहार

मध्य प्रदेश

राजस्थान

रसोई गैस सिलेंडरों पर कैप से जंगलों की शामत

नई दिल्ली/हरीश लखेड़ा

Updated Sun, 14 Oct 2012 10:30 PM IST
cap on LPG cylinders will be harmful for forests
रसोई गैस के सिलेंडरों की संख्या पर कैप लग जाने से अब जंगलों की शामत आने की आशंका बढ़ गई है क्योंकि देशभर में आज भी ईंधन के तौर पर सालाना 21.64 करोड़ टन लकड़ी चूल्हों में स्वाहा हो जाती है। पर्यावरणविदों का मानना है कि सस्ती रसोई गैस की उपलब्धता कम हो जाने से लोग खासतौर पर ग्रामीण अपने परंपरागत ईंधन यानी लकड़ी और कोयले की ओर बढ़ सकते हैं।
इससे जंगलों के कटने की आशंका बढ़ेगी और पर्यावरण में धुआं भी बढ़ेगा। नतीजतन, पहले से ही ग्रीन हाउस गैसों के कहर से जूझ रहा पर्यावरण और भी खराब हो जाएगा। इसका सबसे बुरा असर हिमालय पर भी पड़ सकता है। भारतीय वन रिपोर्ट-2011 के अनुसार देश में ईंधन के  तौर पर सालाना 21.64 करोड़ टन लकड़ी का इस्तेमाल होता है।

इनमें हिमालयी क्षेत्रों से लेकर आदिवासी व ग्रामीण इलाकों में इस्तेमाल होने वाली लकड़ी भी शामिल कर दी जाए तो यह आंकड़ा और भी ज्यादा हो सकता है। केंद्रीय वन व पर्यावरण मंत्रालय भी मानता है कि गांवों के आसपास जंगलों में गिरी लकड़ी इन आंकड़ों में शामिल नहीं है। केंद्रीय सांख्यिकी और कार्यक्रम क्रियान्वयन मंत्रालय की राष्ट्रीय लेखा सांख्यिकी रिपोर्ट-2012 के अनुसार देश में ईंधन की लकड़ी के उत्पादन की कीमत 56,452 करोड़ रुपये रही है।

पर्यावरणविद डा. अनिल जोशी मानते हैं कि  सब्सिडी वाले घरेलू गैस सिलेंडरों की संख्या पर कैप लग जाने से लकड़ी की मांग बढ़ेगी। वे चिपको आंदोलन से जुड़े रहे मशहूर पर्यावरणविद सुंदरलाल बहुगुणा का हवाला देकर कहते हैं कि बहुगुणा कहते रहे हैं कि जंगल बढ़ाने से खुद ही समुचित मात्रा में ईंधन के लिए लकड़ी उपलब्ध हो जाएगी।

बहरहाल, भारतीय वन रिपोर्ट पहले ही कह चुकी है कि देश में वन क्षेत्र लगातार घट रहा है, पिछले दो वर्षों के दौरान देश के वन क्षेत्र में 367 वर्ग किमी की कमी हुई है। वन क्षेत्र में कमी की एक वजह माओवादियों की ओर से जंगलों की अवैध कटाई भी शामिल है।

अकेले आंध्र प्रदेश के खम्मम जिले में माओवादियों के इस गोरखधंधे से 182 वर्ग किमी जंगल कम हो गया। हालांकि सरकार ने ग्रीन इंडिया मिशन के तहत देश के वन क्षेत्र को 33 फीसदी तक बढ़ाने का लक्ष्य रखा है, लेकिन अब गांवों में लोगों के ईंधन के लिए दोबारा जंगलों पर निर्भर रहने का खतरा बढ़ गया है।
  • कैसा लगा
Write a Comment | View Comments

स्पॉटलाइट

अब ज्वेलरी खरीदने पर लगेगा टैक्स, देख लें कितना?

  • रविवार, 19 फरवरी 2017
  • +

भारत के कई शहरों में बढ़ रहा सेक्स का ये नया तरीका

  • रविवार, 19 फरवरी 2017
  • +

इस गर्मी में बड़े सस्ते दामों पर AC बेचेगी सरकार

  • रविवार, 19 फरवरी 2017
  • +

'मुझे टेप लगाना पसंद नहीं , बिना कपड़ों के इंटीमेट सीन करना अच्छा लगता है'

  • रविवार, 19 फरवरी 2017
  • +

क्या आप भी लगाते हैं डियोड्रेंट ? तो जरूर पढ़ें ये खबर

  • रविवार, 19 फरवरी 2017
  • +

जबर ख़बर

30 शौचालयों के गड्ढों की सफाई में जुटे केंद्रीय सचिव '

Read More

Most Read

आपराधिक पृष्ठभूमि वालों को चुनाव लड़ने से नहीं रोक सकते : हाईकोर्ट

allahabad highcourt says over criminal election contestent
  • शनिवार, 21 जनवरी 2017
  • +

अनुपम खेर ने पूछा- क्या राहुल गांधी राष्ट्रगान गा सकते हैं?

Can Rahul Gandhi sing national anthem, asks Anupam Kher
  • सोमवार, 5 दिसंबर 2016
  • +

संविधान के दायरे में कश्मीर पर बातचीत के लिए तैयारः अमित शाह

We are ready to talk on Kashmir, say Amit Shah in Party national council meeting
  • रविवार, 25 सितंबर 2016
  • +

भारत में रह रहीं दो पाकिस्तानी महिलाएं लापता

 Two Pakistani women married to Indians go missing
  • बुधवार, 26 अक्टूबर 2016
  • +
TV
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!
Top