आपका शहर Close

चंडीगढ़+

जम्मू

दिल्ली-एनसीआर +

देहरादून

लखनऊ

शिमला

उत्तर प्रदेश +

उत्तराखंड +

जम्मू और कश्मीर +

दिल्ली +

पंजाब +

हरियाणा +

हिमाचल प्रदेश +

छत्तीसगढ़

झारखण्ड

बिहार

मध्य प्रदेश

राजस्थान

गडकरी मामलाः भाजपा ‘देखो और इंतजार करो’ नीति पर

नई दिल्ली/ब्यूरो/इंटरनेट डेस्क

Updated Fri, 26 Oct 2012 08:13 AM IST
bjp on wait and watch policy in gadkari matter
संकट से घिरे पार्टी अध्यक्ष नितिन गडकरी के साथ खड़ी भाजपा इस प्रकरण पर सधी और सीधी नजर रखे हुए है। पार्टी अभी तो ‘देखो और इंतजार करो’ की नीति पर चल रही है। अपने अध्यक्ष के बचाव में मैदान में उतरी भाजपा ने कांग्रेस पर पलटवार करते हुए चुनौती दी है कि गडकरी की तरह वह भी राबर्ट वाड्रा, टूजी, कोलगेट समेत भ्रष्टाचार के मामलों में जनता के सामने जबाव देने की हिम्मत करे। वैसे देखा जाए तो पार्टी के अंदर दबी जुबान यह चर्चा तेज हो गई है कि व्यवसाय से जुड़े लोगों को शीर्ष स्तर पर लाना राजनीतिक समझदारी है या नहीं।
गडकरी ने हालांकि खुद ही जांच की मांग कर अपने को पाक-साफ दिखाने की कोशिश की है, लेकिन पार्टी नेताओं को डर है कि आगामी चुनावों में भ्रष्टाचार के खिलाफ पार्टी का अभियान ध्वस्त हो सकता है। सरकार भी गडकरी के पीछे पड़ गई है। कंपनी मामलों के मंत्रालय के बाद आयकर विभाग ने उनकी कंपनियों में हुए गड़बड़झाले की जांच शुरू कर दी है। इस पर लोकसभा में विपक्ष की नेता सुषमा स्वराज ने कहा कि वे खुद ही जांच के लिए तैयार हैं। इधर, गडकरी ने नागपुर से दिल्ली लौटने की योजना टाल दी है। अब वे सीधे चुनाव प्रचार के लिए हिमाचल प्रदेश जाएंगे।

गडकरी के खिलाफ लग रहे आरोपों को कानूनी कसौटी पर कसने के बाद भाजपा के वरिष्ठ नेताओं लालकृष्ण आडवाणी और अरुण जेटली ने गडकरी का बचाव तो किया, लेकिन पार्टी के कई अन्य नेता उन्हें लेकर आश्वस्त नहीं हैं। गौरतलब है कि आडवाणी ने भी अपने बयान में स्पष्ट कर दिया था कि आरोपों को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। इतना तो साबित हो ही चुका है कि व्यवसाय के मानदंड पर गडकरी की पूर्ति पावर एंड शुगर कंपनी खरी नहीं उतरी है।

संघ के पसंदीदा गडकरी की ताजपोशी के वक्त भी दिल्ली में एक खेमा इस फैसले से संतुष्ट नहीं था। खासतौर पर केंद्रीय राजनीति में उनके अनुभव की कमी को लेकर आशंका थी। भ्रष्टाचार के खिलाफ अरविंद केजरीवाल का पोल खोल अभियान शुरू हुआ तो उन नेताओं को यह डर सता रहा था कि व्यावसायिक हितों के कारण गडकरी सबसे नरम शिकार बन सकते हैं। अब जबकि पहला हमला हो चुका है तो यह आशंका और तेज हो गई है। उनका मानना है कि भविष्य में कोई बड़ा आरोप लगा तो भाजपा की बुनियाद ही हिल जाएगी।

हिमाचल प्रदेश में चुनाव प्रचार जोरों पर है। दिसंबर में गुजरात में भी चुनाव होना है। नवंबर से शुरू होने वाले संसद के शीतकालीन सत्र में भी पार्टी को गडकरी के खिलाफ आरोपों से लगातार जूझना पड़ेगा। ऐसे में ये नेता गडकरी को बतौर अध्यक्ष दूसरा कार्यकाल देने के पक्ष में नहीं हैं। शायद यही कारण है कि संघ भी थोड़ा रुककर निर्णय लेगा। माना जा रहा है कि मुंबई और पुणे में गडकरी के खिलाफ शुरू हुई सरकारी विभागों की जांच की आंच देखने के बाद ही कोई फैसला होगा।
  • कैसा लगा
Write a Comment | View Comments

स्पॉटलाइट

ऐश्वर्या राय सोशल मीडिया से रहेंगी दूर, पति अभिषेक ने लगाया बैन, वजह चौंका देगी

  • शुक्रवार, 24 फरवरी 2017
  • +

'बाहुबली-2' का मोशन पोस्टर रिलीज

  • शुक्रवार, 24 फरवरी 2017
  • +

Film Review: मैं 'रंगून' जाऊं कि नहीं, तय करें...

  • शुक्रवार, 24 फरवरी 2017
  • +

सौ साल की हुई पहली डबल रोल फिल्म

  • शुक्रवार, 24 फरवरी 2017
  • +

यात्रा करते समय आती हैं उल्टियां? अपनाएं ये तरीके

  • शुक्रवार, 24 फरवरी 2017
  • +

Most Read

आपराधिक पृष्ठभूमि वालों को चुनाव लड़ने से नहीं रोक सकते : हाईकोर्ट

allahabad highcourt says over criminal election contestent
  • शनिवार, 21 जनवरी 2017
  • +

अनुपम खेर ने पूछा- क्या राहुल गांधी राष्ट्रगान गा सकते हैं?

Can Rahul Gandhi sing national anthem, asks Anupam Kher
  • सोमवार, 5 दिसंबर 2016
  • +

आपराधिक पृष्ठभूमि वालों को चुनाव लड़ने से नहीं रोक सकते : हाईकोर्ट

allahabad highcourt says over criminal election contestent
  • शनिवार, 21 जनवरी 2017
  • +

संविधान के दायरे में कश्मीर पर बातचीत के लिए तैयारः अमित शाह

We are ready to talk on Kashmir, say Amit Shah in Party national council meeting
  • रविवार, 25 सितंबर 2016
  • +

भारत में रह रहीं दो पाकिस्तानी महिलाएं लापता

 Two Pakistani women married to Indians go missing
  • बुधवार, 26 अक्टूबर 2016
  • +
TV
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!
Top