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कवियों-शायरों और उनकी रचनाओं से जुड़े यादगार किस्से-संस्मरण-आपबीती

जब कवि प्रदीप के देशभक्ति गीतों की पाकिस्तान ने की नक़ल

  • अकरम रज़ा हिंदी /अमर उजाला काव्य, नई दिल्ली
  • सोमवार, 21 अगस्त 2017

देशभक्ति के अनेक रंगों से रू-ब-रू कराने वाले कवि प्रदीप अकेले ऐसे गीतकार हैं, जो देशभक्ति के गाने लिखकर शोहरत की बुलंदियों पर पहुंचे।

बिन आखों वाले एक शख़्स ने 36 बार देखी दिलीप कुमार की फ़िल्म 'दीदार'

  • काव्य डेस्क, नई दिल्ली
  • रविवार, 20 अगस्त 2017

'नाबीना शख़्स ने नौशाद साहब को बताया था, "फ़िल्म का हीरो दिलीप कुमार भी नाबीना है, इसलिए इस फ़िल्म में मुझे अपनी कहानी नज़र आती है।' 

मथुरा में जब 'रंग' ने शैलेन्द्र से कविता पाठ कराया

  • अशोक बंसल, मथुरा
  • शनिवार, 19 अगस्त 2017

मथुरा में हुए एक कवि सम्मेलन में कवि शैलेन्द्र मौजूद थे। उस समय वे मशहूर गीतकार नहीं बने थे। क्या हुआ था उस दिन। कवि बलबीर सिंह रंग बताते रहे हैं एक क़िस्सा नायाब।

'साहिर ताश खेलने में मशगूल ‌थे कि अचानक दिल का दौरा पड़ा'

  • काव्य डेस्क-अमर उजाला, नई दिल्ली
  • गुरुवार, 17 अगस्त 2017

जिगर मुरादाबादी को उस्ताद मानते थे इश्क़ के हकीम मजरूह सुल्तानपुरी

  • अकरम रज़ा हिंदी / अमर उजाला काव्य, नई दिल्ली
  • गुरुवार, 17 अगस्त 2017

हमारे सामने से गुज़रे चंद्रकांत देवताले ऐसे

  • सेवा राम त्रिपाठी, रीवा
  • बुधवार, 16 अगस्त 2017

सरदार जाफरी: मीर खड़ी बोली के सबसे बड़े कवि

  • काव्य डेस्क-अमर उजाला, नई दिल्ली
  • मंगलवार, 15 अगस्त 2017

उर्दू साहित्य में अली सरदार जाफ़री शायरी के साथ-साथ आलोचनात्मक निबंधों के लिए भी प्रसिद्ध हैं।

जब मुग़ले आज़म के डायरेक्टर पर हुआ जानलेवा हमला और देवानांद ने बुलाई पुलिस

  • काव्य डेस्क, नई दिल्ली
  • मंगलवार, 15 अगस्त 2017

मुग़ल-ए-आज़म जैसी हर दिल अज़ीज़ फ़िल्म बनाने वाले के. आसिफ ने अपनी ज़िंदगी में सिर्फ़ ढाई फ़िल्मों का निर्देशन किया।

कैफ़ भोपाली कहां हैं? पता करने के लिए कमाल अमरोही ने रखा था एक आदमी

  • काव्य डेस्क, नई दिल्ली
  • शनिवार, 12 अगस्त 2017

पाकीज़ा फ़िल्म के मशहूर गीत को क़लमबंद करने वाले मशहूर शायर और गीतकार कैफ़ भोपाली को मुशायरों की रौनक़ कहा जाता था, वह आम चलन से हटकर शेर कहते थे।

जब कवि नीरज ने डाकू मान सिंह को भजन सुनाया

  • अशोक बंसल, मथुरा
  • शुक्रवार, 11 अगस्त 2017

इश्क़ किसी से भी और कहीं भी हो सकता है: हसरत जयपुरी

  • मोहम्मद अकरम, नई दिल्ली
  • सोमवार, 7 अगस्त 2017
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