आपका शहर Close

चंडीगढ़+

जम्मू

दिल्ली-एनसीआर +

देहरादून

लखनऊ

शिमला

उत्तर प्रदेश +

उत्तराखंड +

जम्मू और कश्मीर +

दिल्ली +

पंजाब +

हरियाणा +

हिमाचल प्रदेश +

छत्तीसगढ़

झारखण्ड

बिहार

मध्य प्रदेश

राजस्थान

बिना उपकरण बीमारी से जंग

Panipat

Updated Sun, 16 Sep 2012 12:00 PM IST
पानीपत। मौसम बदलते ही मलेरिया, टाइफाइड के मरीजों के साथ डेंगू के संदिग्ध मामले आने शुरू हो गए हैं। स्वास्थ्य विभाग सिविल अस्पताल में पर्याप्त सुविधाओं का दावा तो कर रहा है, लेकिन लेबोरेट्री में दावों की पोल खुल रही है। लेबोरेट्री में ब्लड सैंपल डालने के शीशे की ट्यूब पर्याप्त नहीं है, जिससे मरीजों को मायूस होकर लौटना पड़ रहा है।
सिविल अस्पताल की सामान्य ओपीडी करीब 700 होती है, लेकिन अब यह संख्या 1000 तक पहुंच गई है। करीब 300 मरीजों में अधिकतर का मलेरिया और टाइफाइड की जांच करानी होती है। अस्पताल के डाक्टर भी इसकी राय देते हैं, लेकिन मरीजों के लेबोरेट्री में पहुंचने पर बीमारी से हालात सुधरने की बजाय खराब हो जाती है।
100 मलेरिया और 50 टाइफाइड तक सीमित
सिविल अस्पताल की लेबोरेट्री में मलेरिया के 100 और टाइफाइड के 50 वावल हैं। इससे अधिक मरीजों के आने पर स्वास्थ्य कर्मी बाहर का रास्ता दिखा देते हैं। सबसे अधिक परेशानी टाइफाइड के मरीजों को होती है। इनका चेकअप प्रात: 8 से 11 बजे तक किया जाता है। मात्र तीन घंटे में मरीजों के लिए शीशे की ट्यूब अनुसार 50 के सैंपल लिए जाते हैं। इसके बाद आने वाले मरीजों को वापस कर दिया जाता है। मरीजों की गुहार लगाने के बाद भी स्वास्थ्य कर्मी बात सुनने को राजी नहीं होते।
अस्पताल में नहीं मिल पाता सहारा
भादौड़ निवासी रविंद्र कुमार ने बताया कि वह शुक्रवार को बुखार के चलते सिविल अस्पताल में दवा लेने गया था। वह बड़ी मुश्किल से डाक्टर के पास पहुंचा। डाक्टर ने मलेरिया और टाइफाइड की जांच कराने की कही। लेबोरेट्री में मलेरिया का सैंपल लेने के बाद टाइफाइड के लिए अगले दिन आने को कहा। उसने स्वास्थ्यकर्मियों से बीमारी ज्यादा होने की गुहार लगाई, लेकिन किसी ने उसकी एक न सुनी। शनिवार को जांच कराने पहुंची कमला और राजेश को टाइफाइड की जांच कराने में मायूसी हाथ लगी। यह अकेले रविंद्र की परेशानी नहीं, बल्कि कई मरीजाें को ऐसी ही मायूसी हाथ लगती है।
वर्जन
सिविल अस्पताल की लेबोरेट्री में मलेरिया के मरीजों के सैंपल लगातार लिए जा रहे हैं। टाइफाइड के सैंपल 11 बजे तक लेने होते हैं। लेबोरेट्री में ब्लड सैंपल लेने के उपकरण कम नहीं होने चाहिए। ऐसा है तो कार्य दिवस के दिन रिपोर्ट ली जाएगी। लेबोरेट्री में उपकरणों की कमी नहीं रहने दी जाएगी।
डा. भूपेश चौधरी, चिकित्सा अधीक्षक, सिविल अस्पताल, पानीपत
  • कैसा लगा
Write a Comment | View Comments

Browse By Tags

स्पॉटलाइट

कुछ इस अंदाज में उसेन बोल्ट ने ‘अपनी होली' को और रंगीन बनाया

  • सोमवार, 27 फरवरी 2017
  • +

नाचते लड़कों को हाथ दिखाकर पति चुनती हैं यहां की लड़कियां

  • सोमवार, 27 फरवरी 2017
  • +

इस लड़के की सही उम्र बताइए जरा, लाखों खा चुके हैं धोखा

  • सोमवार, 27 फरवरी 2017
  • +

ऑस्कर 2017: घोषणा किसी की, अवॉर्ड किसी को

  • सोमवार, 27 फरवरी 2017
  • +

Oscars 2017: विजुअल इफेक्ट्स में 'द जंगल बुक' ने मारी बाजी

  • सोमवार, 27 फरवरी 2017
  • +

Most Read

सपा मंत्री के काफिले पर हमला, 9 भाजपाई गिरफ्तार

attack on  sp minister awadesh prasad
  • सोमवार, 27 फरवरी 2017
  • +

बागी मंत्री को अख‌िलेश ने क‌िया कैब‌िनेट से बाहर

vijay mishra expelled from akhilesh cabinet
  • रविवार, 26 फरवरी 2017
  • +

पीएम मोदी के बयान से हिला पाकिस्तान, सर्जिकल स्ट्राइक-2 की तैयारी तो नहीं!

prime minister statement shock pakistan
  • सोमवार, 27 फरवरी 2017
  • +

ड‌िम्पल ने मोदी को बताया झूठ का प‌िटारा, कसाब को द‌‌िया नया फुलफॉर्म

dimple yadav rally in gonda
  • शनिवार, 25 फरवरी 2017
  • +

झारखंड: महिला कर्मचारियों को मिलेगी दो विशेष छुट्टी

Jharkhand:women will get 2 special leave under sarva shiksha abhiyan
  • रविवार, 26 फरवरी 2017
  • +

खुशखबरी : 15 अप्रैल से यहां हाेगी सेना रैली भर्ती, 13 जिलाें के अभ्यर्थी अभी करें अावेदन

sena bharti rally in kanpur
  • बुधवार, 22 फरवरी 2017
  • +
TV
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!
Top