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एचसीएफसी खत्म करने पर होगा जोर

Faridabad

Updated Sun, 16 Sep 2012 12:00 PM IST
फरीदाबाद। प्रकृति की रक्षा करने वाली ओजोन परत के लिए सबसे खतरनाक गैस क्लोरो फ्लोरो कार्बन (सीएफसी) के खात्मे का काम करने वाला नासेन (नेशनल एकेडमी ऑफ कस्टम एक्साइज एंड नारकोटिक्स) अब नई भूमिका के लिए तैयार है।
फरीदाबाद के सेक्टर-29 में स्थित इस एकेडमी के अधिकारियों का कहना है कि अब चुनौती सीएफसी से थोड़ी कम पर प्रकृति के लिए खतरनाक हाइड्रो क्लोरो फ्लोरो कार्बन (एचसीएफसी) को खत्म करने की है। नासेन के अतिरिक्त महानिदेशक अशोक कुमार मेहता ने ‘अमर उजाला’ को बताया कि यूनाइटेड नेशन एन्वायरमेंट प्रोग्राम (यूएनईपी) ने एकेडमी को सीएफसी का अवैध व्यापार (तस्करी रोकने) खत्म करने के लिए सार्क देशों के कस्टम अधिकारियों को प्रशिक्षित करने का जिम्मा दिया था। अब यह काम खत्म हो चुका है। नए उत्पाद सीएफसी फ्री लेकिन एचसीएफसी के प्रयोग से बन रहे हैं। जबकि, पुराने उत्पादों में अब भी चोरी-छिपे सीएफसी का प्रयोग हो रहा है।
अब नासेन को एचसीएफसी खत्म करने के लिए ट्रेनिंग देने की इजाजत मिलने का इंतजार है। उन्होंने बताया कि इस गैस को खत्म करने के लिए यूएनईपी रणनीति बना रहा है। मेहता का कहना है कि करीब 95 गैसें ऐसी हैं जिनसे ओजोन परत को खतरा है। इन सभी को रोकने का काम कस्टम ही करेगा।


ओजोन परत का फायदा
-ओजोन परत 20 से 50 किलोमीटर ऊंचाई के बीच होती है। यह जीवन रक्षक परत सूर्य की अल्ट्रावायलेट किरणों से हमें बचाती है। यह किरणें हमारे जीवन के लिए बहुत ही घातक हैं।

आखिर खतरा क्या है
नासेन के अधिकारियों के अनुसार, ओजोन परत में छिद्र और बढ़ता गया तो स्किन कैंसर और आंख की बीमारियां होंगी। जेनेटिक बदलाव आने शुरू हो जाएंगे। समुद्री जीवन सहित छोटे-छोटे जीव-जंतु मर जाएंगे।

यहां होता है सीएफसी, एचसीएफसी का प्रयोग :
-इसका सबसे अधिक इस्तेमाल रेफ्रि जरेशन प्रणाली, फायर यंत्रों, पेस्टीसाइड बनाने, स्प्रे, फोम बनाने में किया जाता है। मिथाइल ब्रोमाइड का भी प्रयोग पेस्टीसाइड बनाने के लिए हो रहा है।

खतरा रोकने के लिए है अंतरराष्ट्रीय संधि :
-आजोन परत पर मंडरा रहे खतरे को रोकने के लिए 16 जनवरी 1987 को कनाडा में हुए ‘मांट्रियल प्रोटोकॉल’ में 46 देशों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया था। इस समय मॉट्रियल प्रोटोकॉल पर भारत सहित 197 देशों की सहमति है।


इनके खात्मे के लिए विकासशील देशों का शेड्यूल
गैस रोकने की तिथि खत्म करने की तिथि
एचसीएफसी 01 जनवरी 2013 01 जनवरी 2030
मिथाइल क्लोरोफार्म 01 जनवरी 2003 01 जनवरी 2015
मिथाइल ब्रोमाइड 01 जनवरी 2002 01 जनवरी 2015
(स्रोत: नासेन से प्राप्त यूएनईपी के दस्तावेजों पर आधारित)
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