आपका शहर Close

चंडीगढ़+

जम्मू

दिल्ली-एनसीआर +

देहरादून

लखनऊ

शिमला

जयपुर

उत्तर प्रदेश +

उत्तराखंड +

जम्मू और कश्मीर +

दिल्ली +

पंजाब +

हरियाणा +

हिमाचल प्रदेश +

राजस्थान +

छत्तीसगढ़

झारखण्ड

बिहार

मध्य प्रदेश

चल रहा है छठी पातशाही की ‘यादों’ का ‘कारवां’

Ambala

Updated Sun, 16 Dec 2012 05:30 AM IST
अंबाला। सिख धर्म की छठी पातशाही गुरु हरगोबिंद साहिब जी की यादें आज उनके शिष्य भाई रूपचंद की 12वीं पीढ़ी सहेजकर रखी हुई है। इन यादों में जहां गुरु हरगोबिंद जी का बहुत सा साजो-सामान शामिल है, वहीं इस पीढ़ी ने आज इन सामानों को एक प्रदर्शनी बस का रूप देकर हर गुरु घर में इसे ले जाने का बीड़ा उठाया है। इसी तरह गुरु के शिष्य रूपचंद की ये बारहवीं पीढ़ी गुरू की यादों के कारवां को लेकर अपना सफर जारी रखे हुए हैं। इसी कड़ी में शनिवार को ये प्रदर्शनी बस अंबाला शहर मंजी साहिब गुरुघर में पहुंची, जहां 400 साला बाउली प्रगटोत्सव मनाया जा रहा है। इस बस में रखी छठी पातशाही के साजो सामान को देखने के लिए जहां श्रद्धालुओं की जबरदस्त भीड़ उमड़ी, वहीं गुरु के सामान के समक्ष नतमस्तक होकर श्रद्धालु भावविभोर हो गए।
अमर उजाला से बातचीत करते हुए गुरु जी के शिष्य भाई रूपचंद की बारहवीं पीढ़ी के सदस्य भाई बलबीर सिंह व भाई रतन सिंह ने बताया कि छठी पातशाही गुरु हरगोबिंद साहिब ने सोलहवीं सदी में उनके गांव भाई रूपा गांव का नींव पत्थर रखा था। उनके अनुसार उनके पूर्व भाई रूपचंद व भाई साधु उनके प्रिय शिष्यों में से एक थे। उनके अनुसार इन्हीं में से भाई रूपचंद जी ने अपने सात बच्चों में से दो बच्चे भाई परम और भाई धर्म को उन्होंने छठी पातशाही की सेवा के लिए उन्हें समर्पित कर दिया था। वे सदा उनके साथ उनकी सेवा में हाजिर रहते थे। इसी दौरान गुरु जी ने उन्हें अपनी कई चीजें प्रदान की थी, जो आज भी इस पीढ़ी के पास मौजूद है। उन्होंने बताया कि उसके बाद भी उनका वंश दसवीं पातशाही गुरु गोबिंद सिंह जी की सेवा में भी हाजिर रहा और उन्होंने भी उनकी पीढ़ी के सदस्यों को विभिन्न सामान खुश होकर दिए थे। गुरुओं की यादों को लेकर वे लोग एक बस में बतौर प्रदर्शनी इन साजो-सामान को विभिन्न गुरु घरों में दर्शनों के लिए ले जाते हैं। अंबाला में भी गुरु मंजी साहिब गुरुद्वारे में इस प्रदर्शनी बस को देखने के लिए खासी संगत उमड़ी।

प्रदर्शनी में खास
इस प्रदर्शनी में गुरु हरगोबिंद साहिब जी का चोला, दस्तार, लंगर के परांत व बर्तन, तप अखरी पुरातन, नित नेम पोथी, शस्त्र, ज्योत, सिमरता, खड़ावा, हुक्मनामा व गुरु गोबिंद सिंह जी का मुहर, मूलमंत्र, हस्त लिखित बीड़, सिक्के व मोहरें, गागर, थाल, गंगा सागर, कमंडल, हथ सुच्चे करण लई तबलबाज, पुरातन सिमरन, शाल आदि पुरानी चीजें मौजूद हैं।
  • कैसा लगा
Write a Comment | View Comments

स्पॉटलाइट

कैमरे के सामने प्रेमिका के साथ न्यूड हुए जॉन सीना, फैंस को दिया वादा किया पूरा

  • रविवार, 23 अप्रैल 2017
  • +

स्ट्रेस में हैं तो इन चीजों से रहें दूर, बढ़ सकता है वजन

  • रविवार, 23 अप्रैल 2017
  • +

सदियों से आखिर क्यों है ये मंदिर अधूरें, कारण कर देंगे हैरान

  • रविवार, 23 अप्रैल 2017
  • +

प्रोमो वीडियो: 'बाहुबली 2' के इस गाने ने इंटरनेट पर मचाया धमाल

  • रविवार, 23 अप्रैल 2017
  • +

कीर्ति कुल्हारी और सैयामी खेर को मिला दादासाहेब फाल्के अवॉर्ड

  • रविवार, 23 अप्रैल 2017
  • +

Most Read

यूपी डीजीपी का पद छोड़ते वक्त ये ट्वीट कर गए जावीद अहमद, आपने पढ़ा?

javeed ahmed tweets before leaving the post of UP dgp
  • शनिवार, 22 अप्रैल 2017
  • +

योगी सरकार ने की आजम खां की सुरक्षा में कटौती

 UP govt reviews security of leaders.
  • रविवार, 23 अप्रैल 2017
  • +

3 हजार ईंट लेकर पहुंचे मुस्लिम, बोले- बनाओ राममंदिर

muslims reach ayodhya with 3000 bricks for ram temple construction
  • शुक्रवार, 21 अप्रैल 2017
  • +

योगी सरकार का गरीबों को एक और तोहफा, अब मई से दोगुना मिलेगा...

The Yogi Government's gift to the poor, now it will double in May ...
  • रविवार, 23 अप्रैल 2017
  • +

मोदी-राजे ने नहीं दी लाल बत्ती, क्यों उतारूं, अड़ा ये MLA

MLA said, I do not remove lal batti
  • शनिवार, 22 अप्रैल 2017
  • +

आगरा और गोरखपुर एयरपोर्ट का बदला नाम, पढ़ें, योगी कैबिनेट के 8 अहम फैसले

third meeting of up cm yogi adityanath cabinet
  • बुधवार, 19 अप्रैल 2017
  • +
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!
Top