आपका शहर Close

चंडीगढ़+

जम्मू

दिल्ली-एनसीआर +

देहरादून

लखनऊ

शिमला

जयपुर

उत्तर प्रदेश +

उत्तराखंड +

जम्मू और कश्मीर +

दिल्ली +

पंजाब +

हरियाणा +

हिमाचल प्रदेश +

राजस्थान +

छत्तीसगढ़

झारखण्ड

बिहार

मध्य प्रदेश

अब विजिलेंस रिपोर्ट पर होगा ‘मंथन’

Ambala

Updated Sun, 18 Nov 2012 12:00 PM IST
अंबाला। केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी योजना महात्मा गांधी ग्रामीण रोजगार गारंटी में हुए करोड़ों के गोलमाल के मामले में अंबाला विजिलेंस ने भी धांधली पर मुहर लगा दी है। अंबाला विजिलेंस ने धांधली की जांच रिपोर्ट फाइनल कर उच्च अफसरों को सौंप दी है।
ये जांच रिपोर्ट सरकार को सौंपने से पहले विजिलेंस के अफसर एक माह तक इस जांच रिपोर्ट पर अपना मंथन करेंगे। विजिलेंस विभाग के सूत्रों के अनुसार इस मामले में एक डीसी और एक आईएएस स्तर ही अफसर की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़ा किया है। साथ ही अंबाला के एडीसी कार्यालय, वन विभाग और ग्रामीण पंचायत विभाग के कुछ अफसरों और कर्मचारियों की भी इस मामले में मिलीभगत और लापरवाही बताई है। इसलिए ये मामला काफी पेचीदा बन गया है।
सूत्र बताते हैं कि अंबाला विजिलेंस ने विजिलेंस के आला अफसरों को जो जांच रिपोर्ट सौंपी है, उसमें काफी लोगों के बयान, बयानों के आधार पर निष्कर्ष, अनियमितताओं से संबंधी दस्तावेज और कई तरह की टिप्णियां शामिल है, जो मनरेगा मामले में हुई अनियमितताओं को पुख्ता करती है। इसी के आधार पर अंबाला विजिलेंस ने अपनी रिपोर्ट में अनियमितताओं पर मुहर लगाई है। जिस पर अब विजिलेंस के आला अफसर मंथन करेंगे।

ये थे आरोप
जिले में मनरेगा के तहत 2006-07 से 2008-09 तक जो राशि जिले में खर्च की गई। वो पूरी तरह से नियमों को ताक पर रखकर खर्च की गई। नियमानुसार 50 फीसदी कार्य ग्राम पंचायतों और 50 फीसदी कार्य सरकारी विभागों और अधिकृत एजेंसियों के माध्यम से कराया जाना था, लेकिन नियमों को ताक पर रखकर रीलिज की गई, कुल 30 करोड़ की राशि में से तकरीबन 25 करोड़ का माल वन विभाग के माध्यम से ही करा दिया था। पूर्व एडीसी संजीव वर्मा और आईएएस अफसर वजीर सिंह ने इस मामले में अलग-अलग जांच की और सनसनीखेज खुलासों को उजागर किया। दोनों की जांच में ये बात सामने आई कि इस परियोजना के तहत जो काम मजदूरों से करवाने का दावा जिला वन विभाग ने किया, इसमें अधिकतर जगह पाया गया कि वहां तो वे साइट ही मौजूद नहीं है, जहां विभाग ने काम करवाया गया दिखाया गया। दूसरा, जिन मजदूरों से काम कराया और दिखाया, वे मजदूर ही नहीं है और फर्जी मजदूरों को कागजों में ही मजदूरी बांट दी गई। तीसरा, जब जिला वन विभाग से सारे कामों की रिपोर्ट मांगी तो जिला वन विभाग ने कहा कि अब कामों की रिपोर्ट उपलब्ध कराना संभव नहीं है। इसके अतिरिक्त संबंधित परियोजना अधिकारी द्वारा इसमें कोई मानीटरिंग ही नहीं हुई। दोनों अतिरिक्त जिला उपायुक्तों ने अपनी रिपोर्ट हरियाणा ग्रामीण विकास और पंचायत विभाग के वित्तायुक्त पी.राघवेंद्र राव को भेजी और ये रिपोर्ट हरियाणा सरकार के का माध्यम से केंद्र सरकार को भेज दी गई। उसके बाद बाकायदा केंद्र सरकार की एक टीम ने अंबाला आकर इस मामले की जांच कर चुकी है। जिसके बाद इस मामले को एक बार ओर जांच के लिए विजिलेंस अंबाला को सौंपा गया है। इससे पहले तत्कालीन डीसी ने अपने स्तर पर भी एसडीएम अंबाला मुकेश आहुजा से इस मामले की जांच करवा चुके हैं। उनकी रिपोर्ट में भी इस परियोजना की अनियमितताओं को उजागर किया।


इन बिंदुओं पर हुई विजिलेंस जांच
विजिलेंस ने इस मामले में पहले तो वन विभाग का रिकार्ड खंगाला, वहां से रिकार्ड उपलब्ध होने में ही विजिलेंस के पसीने छूट गए
उसके बाद विजिलेंस ने एडीसी कार्यालय का रिकार्ड खंगाला, यहां भी विजिलेंस को सहयोग नहीं मिला
एडीसी कार्यालय ने विजिलेंस को बताया था कि मनरेगा संबंधी रिकार्ड वर्ष 2010 में आई बाढ़ में खराब हो गया है
खैर, उसके बाद भी विजिलेंस ने मौजूदा रिकार्ड से ही जांच को आगे बढ़ाया
जांच के दौरान जिले में मनरेगा के तहत लगाए गए पौधों की गिनती की गई
जांच के दौरान मनरेगा के तहत बनाए गए हर्बल पार्कों का एस्टीमेट तैयार करवाया गया
मनरेगा के तहत बनाई गई कंकरीट की सड़कों की सैंपलिंग करवाई गई
जिन मजदूरों से काम करवाया गया, उनकी तलाश की गई और उन्हें चिन्हित किया गया
गांवों में जाकर ग्रामीणों से पूछताछ की गई
वन विभाग, एडीसी एवं ग्रामीण पंचायत के कर्मचारियों के बयान लिए गए


मामले की जांच पूरी कर रिपोर्ट आला अफसरों को सौंप दी गई है। ये गोपनीय मामला है और अभी इस पर डिसकशन की जानी है, इसलिए अभी इसमें कुछ नहीं बताया जा सकता।
माटा रवि किरण, एसपी विजिलेंस


विजिलेंस की जांच रिपोर्ट तो तैयार हो गई है। मगर अभी इस पर मंथन की जरूरत है। कई पहलु ऐसे हैं, जिस पर विचार-विमर्श कर निष्कर्ष तैयार किया जाएगा। इस पर करीबन एक माह लग जाएगा। उसके बाद रिपोर्ट सरकार को साैंपी जाएगी। तब तक इस पर कोई टिप्पणी नहीं की जा सकती।
केके मिश्रा, आईजी, विजिलेंस
  • कैसा लगा
Comments

Browse By Tags

vigilance reports

स्पॉटलाइट

भारी भरकम लहंगों में नहीं अब इन ड्रेसेज के साथ खेलें डांडिया..

  • मंगलवार, 26 सितंबर 2017
  • +

पत्नी ने पति को थमाई सब्जियों की ये लिस्ट, इस वजह से हो रही है वायरल

  • मंगलवार, 26 सितंबर 2017
  • +

'बाहुबली' पर भारी पड़ गया ये 'मुंगेरीलाल', नेपाली लड़की से शादी के बाद जिंदगी हो गई थी नर्क

  • मंगलवार, 26 सितंबर 2017
  • +

दोस्तों की ये 5 आदतें आपको कर सकती हैं परेशान, बच कर रहें

  • मंगलवार, 26 सितंबर 2017
  • +

होटल में जाकर लोग करते हैं ये 5 काम, बताने में आती है शर्म

  • मंगलवार, 26 सितंबर 2017
  • +

Most Read

हनीप्रीत को झटका, दिल्ली हाईकोर्ट ने खारिज की अग्रिम जमानत याचिका

Delhi High Court Judgment on Honeypreet Anticipatory Bail Petition
  • मंगलवार, 26 सितंबर 2017
  • +

J&K: कुपवाड़ा में BAT हमला नाकाम, काफी अंदर तक घुस आए थे आतंकी

indian troops failed pak border action team attack ik kupwara
  • मंगलवार, 26 सितंबर 2017
  • +

..तो यहां से चुनाव लड़ेंगे विक्रमादित्य सिंह, ब्लॉक कांग्रेस कमेटी ने लिया ये बड़ा फैसला

shimla rural block congress committee meeting decision
  • मंगलवार, 26 सितंबर 2017
  • +

कश्मीर: सेना को मिली बड़ी कामयाबी, आतंकी संगठन लश्कर-ए-इस्लाम का प्रमुख ढेर

J&K Infiltration bid foiled in Uri One terrorist killed
  • मंगलवार, 26 सितंबर 2017
  • +

बिहार: अशोक चौधरी पर गिरी गाज, कादरी को मिली प्रदेश कांग्रेस की कमान

Sonia Gandhi relieves Ashok Choudhary from post of Bihar Pradesh Congress Committee chief
  • मंगलवार, 26 सितंबर 2017
  • +

छुट्टी नहीं लेने वाले कर्मचारियों पर होगी ईनामों की बौछार, लेकिन पूरी करनी होगी ये शर्त

uttarakhand roadways declared prize for employee if no leave was fullfilled
  • मंगलवार, 26 सितंबर 2017
  • +
Top
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!