आपका शहर Close

चंडीगढ़+

जम्मू

दिल्ली-एनसीआर +

देहरादून

लखनऊ

शिमला

जयपुर

उत्तर प्रदेश +

उत्तराखंड +

जम्मू और कश्मीर +

दिल्ली +

पंजाब +

हरियाणा +

हिमाचल प्रदेश +

राजस्थान +

छत्तीसगढ़

झारखण्ड

बिहार

मध्य प्रदेश

बंदी ने जेल में काटा गला, हालत गंभीर

Dehradun

Updated Sun, 16 Sep 2012 12:00 PM IST
देहरादून। जिला कारागार में एक विचाराधीन बंदी ने धारदार हथियार से अपना गला काट लिया। उसे जेल अस्पताल से दून अस्पताल रेफर कर दिया गया। वहां उसकी हालत गंभीर बनी हुई है। बंदी अपने ही बच्चे को बेचने के आरोप में जेल में था। मौके से कोई हथियार बरामद नहीं किया जा सका है।
शिमला बाईपास निवासी गोविंद नौ अगस्त से जिला कारागार की बैरक नंबर पांच में बंद था। शनिवार शाम बैरक के बाथरूम में उसने किसी धारदार हथियार से अपना गला काट लिया। कुछ देर बाद वह लहूलुहान हालत में चुपचाप बैरक में बैठ गया। कुछ देर बाद साथी बंदी ने उसकी हालत देख जेलकर्मियों को बताया। जेल प्रशासन ने उसे बेहोशी की हालत में जेल अस्पताल पहुंचाया। हालत बिगड़ने पर उसे दून अस्पताल भेजा गया। वहां उसे आईसीयू में भर्ती किया गया है। उसकी हालत नाजुक बनी हुई है।
गोविंद पर अपने डेढ़ वर्षीय बेटे सौरभ को तीस हजार में विकासनगर निवासी मोहम्मद अली को बेचने का आरोप है। खास बात यह है कि गोविंद की पत्नी ने ही उस समेत तीन लोगाें पर मुकदमा कराया था। पुलिस ने गोविंद, मोहम्मद और एक बिचौलिए को गिरफ्तार कर लिया था। कुछ दिन पहले ही उसकी जमानत अदालत ने खारिज कर दी थी।

नेपाली में लिखा सुसाइड नोट
गोविंद के पास से एक पेज का सुसाइड नोट भी बरामद किया गया है। नेपाली भाषा में लिखे नोट को पढ़ने के लिए जेल प्रशासन ने एक नेपाली बंदी की मदद ली। गोविंद ने लिखा है कि उसने बहुत बड़ी गलती की, जिसका उसे अहसास हो गया है। नोट के मुताबिक वह पत्नी से माफी मांगना चाहता था, लेकिन पत्नी एक बार भी मिलने नहीं आई। गोविंद ने लिखा कि वह पत्नी की नजरों में गिरकर नहीं जीना चाहता, इसलिए मौत को गले लगा रहा है।

आखिर कैसे काटा गला
घटना ने जेल की सुरक्षा पर सवाल खड़े कर दिए हैं। जेल प्रशासन के अनुसार गोविंद ने किस हथियार का प्रयोग किया, यह पता नहीं चल सका। हालांकि, अंदाजा लगाया जा रहा है कि यह चाकू रहा होगा। यह भी माना जा रहा है कि जेल में मिली चम्मच को ही घिसकर गोविंद ने चाकू बना लिया हो।

ऐसी लापरवाही क्यों
सूत्रों के मुताबिक जेल में बंदी सलाद या फल काटने के लिए चम्मच को घिसकर चाकू बनाते हैं। सामान्यत: ऐसे ‘चाकू’ वे अपने पास ही रखते हैं। इसकी जानकारी होने के बावजूद भी जेल प्रशासन इन्हें जब्त नहीं करता। ना ही बंदियों को स्टील के चम्मच देने पर रोक लगाई जा रही है, जबकि सुरक्षा के लिहाज से यह जरूरी है।
  • कैसा लगा
Write a Comment | View Comments

Browse By Tags

स्पॉटलाइट

इस तरह से रहना पसंद करते हैं नए नवेले राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद

  • मंगलवार, 25 जुलाई 2017
  • +

बारिश में कपल्स को रोमांस करते देख क्या सोचती हैं ‘सिंगल लड़कियां’

  • मंगलवार, 25 जुलाई 2017
  • +

शाहरुख को सुपरस्टार बना खुद गुमनाम हो गया था ये एक्टर, 12 साल बाद सलमान की फिल्म से की वापसी

  • मंगलवार, 25 जुलाई 2017
  • +

बिग बॉस ने इस 'जल्लाद' को बनाया था स्टार, पॉपुलर होने के बावजूद कर रहा ये काम

  • मंगलवार, 25 जुलाई 2017
  • +

इस मानसून फ्लोरल रंग में रंगी नजर आईं प्रियंका चोपड़ा

  • मंगलवार, 25 जुलाई 2017
  • +

Most Read

यूपी: पेपर लीक गैंग ने लगाई दरोगा भर्ती में सेंध, पूरी परीक्षा रद्द

up police recruitment entire process cancel
  • मंगलवार, 25 जुलाई 2017
  • +

बुरे वक्त से निपटने के लिए लालू ने बनाया प्लान B, माया-मांझी का लेंगे सहारा!

RJD leader Lalu Prasad prepares plans alternate pact with Mayawati and Manjhi
  • मंगलवार, 25 जुलाई 2017
  • +

यूपी कैबिनेट में UPPSC परीक्षा परिणामों की सीबीआई जांच कराने के प्रस्ताव पर लगी मुहर

uttar pradesh cabinet meeting
  • मंगलवार, 25 जुलाई 2017
  • +

कभी 30 रुपये देकर इसी किराये के मकान में रहते थे कोविंद, अब यहां जश्न

some important facts about ramnath kovind
  • शुक्रवार, 21 जुलाई 2017
  • +

J&K: आर्मी के जवानों ने थाने में घुसकर पुलिस को पीटा, अब्दुल्ला बोले- कार्रवाई हो

soldier beat policemen in jammu six injured
  • रविवार, 23 जुलाई 2017
  • +

अलगाववादियों को भारत सरकार से भी मिल चुके हैं पैसे: फारूक अब्दुल्ला

GOI too gave funds to separatists says farook abdullah
  • सोमवार, 24 जुलाई 2017
  • +
Top
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!