हरिद्वार। अब परिवहन निगम की बसों में और निगम की संपत्ति में तम्बाकू उत्पादों के विज्ञापन नजर नहीं आएंगे। शासन ने परिवहन विभाग में तम्बाकू उत्पादाें के विज्ञापनों पर प्रतिबंध लगा दिया है। इस संबंध में परिवहन अधिकारियों को पत्र भेज कर अवगत भी करा दिया गया है। देश मेें तम्बाकू उत्पादों के सेवन से प्रतिवर्ष लाखों लोगों की मौत हो रही है। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय ने उत्तराखण्ड सरकार से अपेक्षा की कि वह परिवहन निगम की बसों और निगम की संपत्ति में तम्बाकू उत्पादों और उससे संबंधित उत्पादों के विज्ञापनों पर रोक लगा दें। शासन ने स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय के आग्रह को गंभीरता से लेते हुए परिवहन विभाग को आदेश दिये हैं कि परिवहन विभाग की बसों और निगम की संपत्ति में तम्बाकू उत्पाद जैसे बीड़ी, सिगरेट, सिगार, गुटखा, खैनी, तम्बाकू का मंजन आदि का विज्ञापन न छापे। तम्बाकू उत्पादों के विज्ञापनों को प्रतिबंधित किए जाने के आदेश प्राप्त हो चुके हैं। जल्द ही अमल कराया जाएगा। विभाग की ओर से भी आदेश हो चुके हैं विज्ञापन न छापे जाएं।सुरेश चौहान, एआरएम रोडवेज