आपका शहर Close

चंडीगढ़+

जम्मू

दिल्ली-एनसीआर +

देहरादून

लखनऊ

शिमला

जयपुर

उत्तर प्रदेश +

उत्तराखंड +

जम्मू और कश्मीर +

दिल्ली +

पंजाब +

हरियाणा +

हिमाचल प्रदेश +

राजस्थान +

छत्तीसगढ़

झारखण्ड

बिहार

मध्य प्रदेश

फैलोशिप देने में अपनों पर ही मेहरबानी!

Chandigarh

Updated Wed, 03 Oct 2012 12:00 PM IST
चंडीगढ़। पंजाब यूनिवर्सिटी को हर साल यूनिवर्सिटी ग्रांट कमीशन (यूजीसी) और अन्य माध्यमों से करोड़ों की ग्रांट मिलती है। साइंस संकायों में तो लाखों के रिसर्च प्रोजेक्ट उभरते वैज्ञानिकों के लिए ऑफर किए जाते हैं, लेकिन पीयू के कुछ विभाग ऐसे भी हैं जहां लाखों की फैलोशिप सिर्फ चुनिंदा रिसर्च स्कॉलर या फिर प्रोफेसर को दी जाती है। वहीं, नए शोधकर्ता और असिस्टेंट प्रोफेसर ग्रांट का लंबे समय तक इंतजार करते रहते हैं। पीयू के बॉटनी विभाग में भी कुछ ऐसा ही विवाद है।
विभाग में हर साल करीब 16 फैलोशिप मिलती हैं, जिनमें 10 यूजीसी और 6 पर्स अवार्ड के तहत मिलती है। लेकिन, पिछले दो वर्षों से बड़े प्रोजेक्ट को विभाग के आला प्रोफेसर या उनके अधीन रिसर्च (पीएचडी) कर रहे रिसर्च स्कॉलर को ही दे दी जाती है। इस मामले को लेकर स्टूडेंट में काफी रोष है।

पीयू एंट्रेंस को कोई तव्वजो नहीं
पीएचडी में एनरोलमेंट के लिए किसी भी विद्यार्थी का यूजीसी नेट या पीयू की ओर से हर साल आयोजित होने वाले एंट्रेंस टेस्ट पास होना अनिवार्यता है, लेकिन पीयू के प्रोफेसर सिर्फ यूजीसी जेआरएफ को ही अपने अधीन लेते हैं। सूत्रों के अनुसार, पीयू एंट्रेंस को विभाग में कोई तवज्जो नहीं दी जाती है। पिछले करीब दो साल में पीयू एंट्रेंस क्लीयर कर चुके करीब 25 विद्यार्थी अभी लाइन में हैं, जबकि जेआरएफ को रजिस्टर्ड कर दिया जाता है। एंट्रेंस टेस्ट क्लीयर कर चुके एक छात्र ने कहा कि पीयू अपने ही एंट्रेंस टेस्ट को तवज्जो नहीं देती तो टेस्ट क्यों लिया जाता है?

लाखों के प्रोजेक्ट
पीएचडी में रजिस्टर्ड करने वाले जेआरएफ को हर महीने 16 हजार की स्कॉलरशिप यूजीसी देती है। इसके अलावा 2 से 5 लाख तक के रिसर्च प्रोजेक्ट भी मिलते हैं। पीयू की ओर से भी रिसर्च के लिए स्कॉलरशिप दी जाती है।

कोट्स..............
यूजीसी नियमों के तहत ही फैलोशिप दी जाती है। यह फैलोशिप पीएचडी में रजिस्ट्रेशन के बाद ही विद्यार्थियों को मिलती है। फैलोशिप को लेकर कोई भेदभाव नहीं किया जा रहा है। फैलोशिप की जानकारी बुधवार को विभाग में जाकर ही दे सकता हूं।
- प्रो. एएस अहलुवालिया, विभागाध्यक्ष, बॉटनी विभाग, पीयू
  • कैसा लगा
Write a Comment | View Comments

Browse By Tags

स्पॉटलाइट

अपनी इस फिल्म के लिए अनिल कपूर ने दी थी इतनी बड़ी कुर्बानी, बाद में मिला धोखा

  • बुधवार, 24 मई 2017
  • +

तलाक के चार दिन बाद ही अरबाज ने लिया ऐसा फैसला, मलाइका के पैरों तले खिसक जाएगी जमीन

  • बुधवार, 24 मई 2017
  • +

फिर जुड़वा बच्चों की मां बनने वाली है गुमनाम हुई ये हीरोइन, अरबों की मालकिन बन दुबई में रह रही

  • बुधवार, 24 मई 2017
  • +

नीरस होते रोमांस में गर्माहट ला देंगे ये तेल, रानियां भी करती थीं इस्तेमाल

  • बुधवार, 24 मई 2017
  • +

Modi@3: मोस्ट स्टाइलिश पीएम ऑफ द वर्ल्ड, देखें जानदार 'Look'

  • बुधवार, 24 मई 2017
  • +

Most Read

उत्तराखंड के पांच जिलों में भारी बार‌िश का अलर्ट

Heavy rain alert in five districts of uttarakhand
  • गुरुवार, 25 मई 2017
  • +

सहारनपुर दंगाः SSP व डीएम पर गिरी गाज, योगी ने लगाई डीजीपी को फटकार

ethnic conflict : SSP Subhash Chandra Dubey transferred from Saharanpur
  • बुधवार, 24 मई 2017
  • +

MCD उपचुनावः भाजपा का नहीं खुला खाता, आप को मिली जीत

mcd bypoll on 2 seats: know results here as aap won a seat
  • बुधवार, 24 मई 2017
  • +

यूपी: IAS-PCS अफसरों के 15 ठिकानों पर IT की रेड

income tax raid on ias pcs and five government clerks house in delhi ncr
  • बुधवार, 24 मई 2017
  • +

अल्पसंख्यकों का कोटा खत्म करने की बातें आधारहीन: यूपी सरकार

 UP govt to end minority quota
  • मंगलवार, 23 मई 2017
  • +

कश्मीरी को जीप पर बांधना विएना संधि का उल्लंघन: उमर अब्दुल्ला

Omar Abdullah says, Major Nitin Gogoi’s decision to tie man to jeep violation of Geneva Convention
  • बुधवार, 24 मई 2017
  • +
Live-TV
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!
Top